अभी कासगंज मामला ठंडा भी नहीं हुआ है और हर तरह इस मामले की चर्चा की जा रही है और हिन्दू-मुस्लिम समुदायों को भड़काने का काम ज़ोरों पर है. ऐसा ही एक मामला अमरोहा में भी सामने आ रहा है. यहाँ हिन्दू-मुस्लिम समुदायों को भड़काने का काम चल रहा है. डाॅ तारिक़ अज़ीम जो की अमरोहा के वरिष्ठ पत्रकार है. उन्होंने अपनी फेसबुक वॉल पर इस मामले की सच्चाई ज़ाहिर करते हुए कुछ चौकाने वाले खुलासे किये है.

वहीँ आपको बतादे कि डी एम नवनीत सिंह चहल ने शहर के लोगों से अपील की है कि, साम्प्रदायिकता फैलाने वालो से सावधान रहें तथा प्रशासन उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगा. उन्होंने कहा कि, हमें फ़र्ज़ी खबरो और फ़र्ज़ी लोगो से सावधान रहने की ज़रूरत है. ज़िला अमरोहा के नोगांवा मे कुछ लोग लगातार फर्जी खबरो से माहौल को साम्प्रदायिक तनाव की ओर ले जाने की कोशिश कर रहे है. जिससे अमरोहा में हिन्दू-मुस्लिम को भड़काने का काम चल रहा है.

इतना ही नहीं एक फर्जी झोलाछाप छुटभैया नेता जो नोगांवा सादात से ताललुक़ रखता है उसने दलित समुदाय के लोगों को मुसलिम समाज के ख़िलाफ भड़का कर फ़र्ज़ी खबर बनवा दी है और उन ख़बरों में कहा गया कि मुसलमानों की वजह से नोगांवा के दलितों के अंदर ख़ोफ है. उनके मौहल्ले गोतम नगर का नाम बदल कर इस्लाम नगर कर दिया गया है. अब उनके मौहल्ले का नाम बदल कर उनको वहां से भगाना चाहते है.

लेकिन भाजपा के ही एक नेता राकेश चौहान ने इस मामले की पोल खोल दी और कहा कि, यहाँ कोई विवाद नहीं है सब प्यार और मोहब्बत से रह रहे है. कुछ लोग अमरोहा में साम्प्रदायिकता फैलाना चाहते है. उन लोगो से हमें सावधान रहने की ज़रूरत है. अमरोहा डी एम ने भी इस तरह की किसी भी घटना से इंकार किया है और CNNIBN न्यूज़ चैनल को दिए इंटरव्यू के दौरान बताया कि फ़र्ज़ी खबरो और फ़र्ज़ी लोगो से सतर्क रहने की ज़रूरत है.