मध्य प्रदेश के मुंगावली का कथित लव जिहाद मामला का मामला अशोकनगर कोर्ट में समीक्षा जैन के इक़बालिया बयान के बाद औंधे मुंह गिर गया और कोर्ट ने समीक्षा को उसके पति आदिल के साथ जाने की इजाजत दे दी।

जानकारी के अनुसार, पिछले दिनों अशोक नगर जिला मुख्यालय से 50 किमी दूर मुंगावली कस्बे के एक जैन परिवार की युवती और मुस्लिम परिवार के युवक के लापता होने के बाद मुंगावली पुलिस ने युवती के अपहरण का मामला दर्ज किया था। एसपी तिलक सिंह ने युवक पर पांच हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था। पुलिस ने युवती को हैदराबाद से 18 मई को बरामद कर युवक जेल में भेज दिया था।

जिसके बाद लड़की के पिता संजीव जैन के साथ ब्रह्मचारी विजय, ब्रह्मचारी अजय ने ग्वालियर में प्रेस कांफ्रेंस कर आरोप लगाया था कि मेरी बेटी आठ मई को नाना, नानी के साथ अपने मामा के घर पुणे जा रही थी। रात दो बजे मोहम्मद आदिल निवासी मुंगावली उसे अपने साथ ले गया। यहां से वह हैदराबाद पहुंचे। हैदराबाद में वक्फ बोर्ड ने गलत तरीके से बेटी का धर्म परिवर्तन कराकर निकाह करा दिया। मुस्लिम समाज द्वारा जो लव जेहाद चलाया जा रहा है, मेरी बेटी को उसी का शिकार बनाया गया है। बेटी इस समय ग्वालियर नारी निकेतन में है। मेरी बेटी मुझे वापस मिले और लव जेहाद पर रोक लगाई जाए।

जैन समाज की लड़की ने अपनी मर्ज़ी से इस्लाम क़ुबूल किया

माशाल्लाह: गुना मध्य प्रदेश- अशोकनगर जिले के मुंगावली क्षेत्र में जैन समाज की लड़की ने अपनी मर्ज़ी से इस्लाम क़ुबूल किया और शरीअत से शादी भी की वीडियो देखें और शेयर करें!

Posted by Indian Pro on Thursday, May 17, 2018

हालांकि जब कोर्ट में समीक्षा से पूछा गया कि वह कहां जाना चाहती है तो हाईकोर्ट ने लिखित में इच्छा जानी। समीक्षा ने अपने पति आदिल के पास जाने की इच्छा जताई, जिसकी कोर्ट ने अनुमति दे दी। 193 दिन से आदिल के पास जाने के इंतजार में बैठी समीक्षा अब ससुराल में है।।

आदिल के भाई आरिफ मोहम्मद ने कहा – मोहम्मद-समीक्षा को न्याय मिला

दोनों एकदूसरे से प्रेम करते हैं और शादी की। विभिन्न् भ्रांतियों के चलते इस मामले को गलत मोड़ दिया गया। हाईकोर्ट ने समीक्षा को रिहा करने के आदेश दिए और उसकी मर्जी जानने के बाद पति के पास जाने दिया। दोनों को आखिरकार न्याय मिला। 

न्यायालय के आदेश पर भेजा

समीक्षा जैन को न्यायालय के आदेश पर नारी निकेतन से रिहा कर दिया गया। अशोकनगर पुलिस उसे लेने के लिए आई थी। अब वह अपने पति के पास रह रही है। – शालीन शर्मा, जिला महिला सशक्तिकरण अधिकारी