कोरोना वायरस को लेकर पूरी दुनिया चीन पर ही सवाल उठा रही है. कोरोना वायरस सबसे पहले चीन के हुबेई राज्य के वुहान में ही फैला था. वहीँ से ये महामा’री सारी दुनिया में फैली. लम्बे वक़्त से कई देश कहते रहे हैं की चीन ने न तो अपने यहाँ इस वायरस को फैलने से रोका न ही दुनिया से इस विषय में कोई जानकारी साझा की. कहा ये भी जा रहा है कि ये वायरस प्राकृतिक नहीं है. ये पूरी तरह से मानव निर्मित वायरस है.

इन सब बातों पर चीन का बचाव करने के कारण विश्व स्वास्थ्य संगठन पर भी चीन का पक्ष लेने आरो’प लगता रहा. हालांकि, अब डब्ल्यूएचओ ने कहा है कि चीन के वुहान मार्केट की कोरोना वायरस फैलने में भूमिका रही है. उसने इस दिशा में और ज्यादा रीसर्च की जरूरत बताई है. डब्ल्यूएचओ के फूड सेफ्टी जूनॉटिक वायरस एक्सपर्ट डॉ. पीटर बेन ऐंबरेक ने कहा है, ‘मार्केट ने इस इवेंट में भूमिका निभाई है, यह साफ है लेकिन क्या भूमिका, यह हमें नहीं पता है. क्या वह वायरस का स्रोत था या यहां से बढ़ा या सिर्फ इत्तेफाक कि कुछ केस मार्केट के अंदर और आसपास पाए गए.’ चीन ने जनवरी में वायरस को फैलने से रोकने के लिए वुहान मार्केट को बंद कर दिया था.

पीटर ने कहा कि यह बात साफ नहीं हो सकी कि जिंदा जानवरों या संक्रमित दुकानदारों या खरीददारों में से कौन वायरस को बाज़ार में सबसे बीच में लाया. पीटर ने चीन पर लगाए जा रहे अमेरिका के आ’रोपों पर कोई जवाब नहीं दिया. बता दें कि अमेरिका का दावा है कि उसके पास इस बात के पर्याप्त सबूत हैं कि वायरस चीन में ही पैदा हुआ था. पीटर ने कहा, ‘रीसर्चर्स को ये पता करने में कि मर्स वायरस ऊंटों से पैदा हुआ था, यह पता करने में एक साल लग गया था. अभी देर नहीं हुई है.’ मर्स वायरस 2012 में सऊदी अरब में पैदा हुआ था और मिडिल ईस्ट में फैल गया था.

पीटर ने यह भी कहा कि जांच की बात की जाए तो इस बात की संभावना भी ज्यादा है कि चीन के पास जांच के सभी साधन हैं और बहुत से योग्य रीसर्चर्स भी हैं. पीटर ने दुनियाभर के वेट मार्केट्स में नियमों का पालन किए जाने, साफ-सफाई की सुविधाओं को सुधारने और कुछ को बंद करने की भी जरूरत बताई. उन्होंने कहा कि वेस्ट मैनेजमेंट, लोगों और सामान के मूवमेंट और जिंदा जानवरों को प्रॉडक्ट्स से अलग करने पर ध्यान देना होगा.