आज इन्टरनेट तो हम सभी इस्तेमाल करते हैं. क्या आपने कभी सोचा है कि इन्टरनेट की सबसे तेज़ स्पीड क्या हो सकती है. दुनिया का सबसे बड़ा रिकॉर्ड कायम करते हुए ऑस्ट्रेलिया में रिसर्चर्स को जो फास्टेस्ट इंटरनेट स्पीड मिली है, वह टीबीपीएस यानी कि टेराबाइट प्रति सेकेंड है. यह इंटरनेट स्पीड इतनी ज्यादा है कि सिर्फ 1 मिनट में 42 हजार जीबी से ज्यादा डेटा डाउनलोड किया जा सकता है. अगर आसान शब्दों में कहें तो 1 मेगाबाइट में 10 लाख यूनिट्स डिजिटल इन्फॉर्मेशन होती है और अच्छे ब्रॉडबैंड कनेक्शन से 100एमबीपीएस की टॉप स्पीड मिलती है. एक सेकेंड में 100एमबी डेटा रिसीव होता है. मोबाइल डेटा या वायरलेस कनेक्शन में यह स्पीड 1एमबीपीएस से भी कम होती है. जो स्पीड रिसर्चर्स को टीबीपीएस में मिली है, उसके एक टेराबाइट में 1000 अरब यूनिट डिजिटल इन्फॉर्मेशन होती है. खबर के मुताबिक, अब नया वर्ल्ड रिकॉर्ड 44.2टीबीपीएस की स्पीड का बना है.

टेराबाइट प्रति सेकेंड में इंटरनेट स्पीड मिल रही हो तो महज एक सेकेंड में 1000जीबी डेटा डाउनलोड किया जा सकता है. इसका मतलब साफ है कि रिसर्चर्स एक सेकेंड में 44,200जीबी डेटा डाउनलोड करने में कामयाब हुए. आसानी से समझना हो तो इस स्पीड पर 512 जीबी स्टोरेज वाले 86 से ज्यादा और 256 जीबी स्टोरेज वाले 172 से ज्यादा स्मार्टफोन्स का स्टोरेज फुल किया जा सकता है. ऐसा करने में सिर्फ एक सेकेंड का वक्त लगेगा. एक्सपर्ट्स का कहना है कि इसकी मदद से होम-वर्किंग, स्ट्रीमिंग और सोशलाइजिंग की डिमांड को बढ़ाया जा सकेगा. इसके अलावा नई टेक्नॉलजी सेल्फ-ड्राइविंग कारों, मेडिसिन और एजुकेशन के सेक्टर में भी मददगार साबित होगी.

मेलबर्न के यूनिवर्सिटी कैंपसों को जोड़ने वाले नेटवर्क में माइक्रो-कॉम्ब प्लान्ट किया गया था. एक सिक्के से भी छोटा माइक्रो-कॉम्ब इन्वेंट करने वाले स्विनबर्न यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डेविड मॉस ने कहा, ‘इनकी मदद से बैंडविद की डिमांड को पूरा किया जा सकता है. मोनाश यूनिवर्सिटी के डॉक्टर बिल कॉरकोरन ने कहा, ‘यह हमारी एक छोटी सी झलक है, जो बताती है कि अगले दो से तीन साल में इंटरनेट के लिए बना ढांचा कैसे काम करेगा. इससे कई गुना तेज स्पीड मिलेगी और इंटरनेट से जुड़े काम पलक झपकते किए जा सकेंगे.