लम्बी जद्दोजहद के बाद इस साल के आईपीएल का होना तो तय हो गया है. लेकिन अभी भी ये तय होना बाकी है कि इस साल का आईपीएल कहाँ आयोजित होगा. अटकलें हैं कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआइ इस बार कोरोना वायरस महामा’री को देखते हुए इंडियन प्रीमियर लीग यानी आइपीएल का आयोजन विदेश में करा सकती है. विदेश में आइपीएल का आयोजन कराने के लिए भी बीसीसीआइ के पास सीमित विकल्प हैं, क्योंकि कुछ ही ऐसे देश हैं, जहां कोरोना वायरस का प्रको’प कम है. उनमें से एक श्रीलंका है और दूसरा है संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई. ऐसे में माना जा रहा है कि बीसीसीआइ आइपीएल और खिलाड़ियों की ट्रेनिंग के लिए दुबई का रुख कर सकती है.

हालांकि अभी बीसीसीआइ ने ये पूरी तरह तय नहीं किया है, लेकिन यूएई ने आइपीएल की मेजबानी की अटकलों को देखते हुए अपनी कमर कसनी शुरू कर दी है. दुबई स्पोर्ट्स सिटी के हेड ऑफ क्रिकेट एंड इवेंट्स सलमान हनीफ ने कहा कि वर्तमान में लंबित आइपीएल को संयुक्त अरब अमीरात में कराया जा सकता है, क्योंकि भारत में कोविड-19 मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है. यहां तक कि हम इस इवेंट के आयोजन की सुविधाओं को तैयार रख रहे हैं. आइपीएल के 13वें सीजन के आयोजन के लिए आयोजकों का लक्ष्य सितंबर-अक्टूबर की विंडो को सुरक्षित करना है, जिसे वह हड़प सकता है, क्योंकि ऑस्ट्रेलिया में 18 अक्टूबर से 15 नवंबर तक होने वाले टी 20 विश्व कप के चलते चारों ओर काफी अनिश्चितता होगी.

बताया जा रहा है कि दुबई स्पोर्ट्स सिटी, जिसमें दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम और आइसीसी अकादमी शामिल है, आइपीएल के लिए संभावित स्थल के रूप में तैयार हैं. हनीफ ने कहा, “स्टेडियम में शीर्ष पर नौ विकेट हैं, जबकि बड़ी संख्या में मैचों को एक छोटे समय-सीमा के भीतर समायोजित किया जा सकता है. हम विकेटों को ताजा रखने के लिए वहां किसी भी मैच का समय निर्धारित नहीं करेंगे.” यूएई में कोरोना वायरस के 50 हजार से अधिक मामले मिल चुके हैं और 300 से अधिक मौ’तें भी हो चुकी हैं. दूसरी ओर भारत में कोरोना मामलों का आंकड़ा 10 लाख के पार है, जबकि 25 हजार से ज्यादा लोग इससे म’र चुके हैं. सलमान हनीफ ने कहा है कि यहां काफी सुविधाएं हैं, जिनमें आपको प्रैक्टिस करने में परेशानी नहीं होगी.